शुक्रवार, 5 जून 2026

उपायुक्त की अध्यक्षता में डीएमएफटी शासी परिषद की बैठक आयोजित, खनन प्रभावित क्षेत्रों में संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा एवं नई विकास योजनाओं के चयन पर हुई चर्चा

📅 05 जून, 2026 | 📍 समाहरणालय सभागार, सरायकेला-खरसावां

मुख्य बिंदु

  • उपायुक्त की अध्यक्षता में डीएमएफटी शासी परिषद की बैठक आयोजित।
  • खनन प्रभावित क्षेत्रों में संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा।
  • स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, कौशल विकास एवं आधारभूत संरचना से जुड़ी नई योजनाओं पर चर्चा।
  • शासी परिषद के सदस्यों द्वारा विभिन्न जनहितकारी सुझाव प्रस्तुत किए गए।

बैठक का आयोजन

समाहरणालय स्थित सभागार में उपायुक्त, सरायकेला-खरसावां श्री नीतिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी) की शासी परिषद की बैठक आयोजित की गई।

बैठक में माननीय खरसावां विधायक श्री दशरथ गागराई, माननीय ईचागढ़ विधायक श्रीमती सविता महतो, जिला परिषद अध्यक्ष श्री सोनाराम बोदरा, माननीय सांसद एवं विधायक प्रतिनिधिगण, उप विकास आयुक्त श्रीमती रीना हांसदा, शासी परिषद के सदस्यगण तथा विभिन्न विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।

संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा

बैठक के दौरान खनन से प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित क्षेत्रों में डीएमएफटी मद से संचालित योजनाओं की प्रगति, उपलब्धियों एवं वर्तमान स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।

साथ ही योजनाओं के प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

विकास योजनाओं पर विशेष चर्चा

खनन प्रभावित क्षेत्रों के समग्र एवं सतत विकास को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य, शिक्षा, कौशल विकास, पेयजल, आंगनबाड़ी केंद्र भवन निर्माण, विद्यालयी आधारभूत संरचना, कृषि एवं आजीविका संवर्द्धन तथा स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से संबंधित विभिन्न प्रस्तावों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।

शासी परिषद के सदस्यों से प्राप्त सुझाव

बैठक के दौरान उपायुक्त द्वारा शासी परिषद के सदस्यों से सुझाव एवं अनुशंसाएं आमंत्रित की गईं। इस क्रम में परिषद सदस्यों ने जिले के समग्र विकास एवं जनसुविधाओं के विस्तार से संबंधित कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।

प्रमुख सुझाव

  • हड्डी रोग विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता सुनिश्चित करना।
  • शव वाहन की संख्या में वृद्धि करना।
  • बंद पड़े कोल्ड स्टोरेज को पुनः संचालित करना।
  • जर्जर आंगनबाड़ी केंद्र भवनों का निर्माण।
  • स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाना।

उपायुक्त के निर्देश

उपायुक्त ने शासी परिषद के सदस्यों द्वारा प्राप्त सुझावों को गंभीरतापूर्वक लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक परीक्षण एवं कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

उन्होंने कहा कि डीएमएफटी निधि का उपयोग खनन प्रभावित क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं के विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास, आजीविका संवर्द्धन एवं अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।

उन्होंने यह भी कहा कि योजनाओं का उद्देश्य केवल आधारभूत संरचना का निर्माण नहीं, बल्कि स्थानीय समुदायों के जीवन स्तर में सुधार लाना एवं उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है।

भावी कार्ययोजना पर चर्चा

बैठक में विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति से संबंधित प्रतिवेदन प्रस्तुत किए गए।

साथ ही परिषद के सदस्यों द्वारा प्राप्त सुझावों एवं अनुशंसाओं के आलोक में भावी कार्ययोजना तैयार करने तथा योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए आवश्यक रणनीतियों पर भी चर्चा की गई।

डीएमएफटी का उद्देश्य

डीएमएफटी का मुख्य उद्देश्य खनन प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के जीवन स्तर में सुधार लाना, आधारभूत सुविधाओं का विकास करना तथा शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल एवं आजीविका के क्षेत्र में स्थायी एवं समावेशी विकास सुनिश्चित करना है।

निष्कर्ष

डीएमएफटी शासी परिषद की इस बैठक में खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास से संबंधित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा करते हुए भविष्य की विकासात्मक प्राथमिकताओं पर चर्चा की गई। बैठक में प्राप्त सुझावों एवं अनुशंसाओं के आधार पर शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, कृषि, कौशल विकास एवं आधारभूत संरचना के क्षेत्रों में योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा जनहितकारी परियोजनाओं को प्राथमिकता देने पर बल दिया गया।

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